ब्रेकिंग न्यूज़

ऑफिस के बढ़ते प्रेशर ने ली जान!

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में ऑफिस का बढ़ता काम का दबाव लोगों की सेहत पर गंभीर असर डाल रहा है। लगातार टारगेट का प्रेशर, लंबे समय तक काम करना और पर्याप्त आराम न मिल पाना अब सिर्फ थकान नहीं, बल्कि जान का खतरा बनता जा रहा है। हाल के दिनों में कई ऐसे मामले…

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गाँव की झिझक से मुंबई की बेबाकी तक…

सरकारी स्कूल से पढ़ा हूँ। 9वीं कक्षा से लड़कियाँ भी साथ पढ़ने लगी थीं (Co-ed)। वैसे लड़कियाँ कम ही थीं, गाँव का माहौल सख्त था, न वो बात करतीं, न हम। शुरुआत की पाँच लाइनों में लड़के, आख़िरी की दो लाइनों में लड़कियाँ बैठा करती थीं, वो भी लड़कों से दस हाथ दूर। न बात,…

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“सर, ये मेरी आख़िरी राइड है… और आप आख़िरी सवारी।”

सर, मैं आपकी लोकेशन पर आ गया हूँ, आप कहाँ हैं? मैं बोला, 1 मिनट में आया। मैं झट से उसके पास पहुँच गया। उसने पिन पूछा, पिन डालते ही राइड शुरू हो गई। मैं हेलमेट लगाकर बैठ गया। मामूली सा आगे बढ़े ही थे कि उसे कॉल आया। वो गाड़ी रोककर बात करने लगा।…

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कथित शराब नीति मामले में अरविंद केजरीवाल को राहत, पुराने घोटालों की याद के बीच सियासी बहस तेज

कथित शराब नीति मामले में दिल्ली के मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal को कोर्ट से राहत मिलने के बाद राजनीतिक हलकों में एक बार फिर बहस छिड़ गई है। यह वही मामला है जिसे लेकर पिछले कई महीनों तक जोरदार राजनीतिक बयानबाज़ी, आरोप-प्रत्यारोप और सड़कों से लेकर टीवी स्टूडियो तक घमासान देखने को मिला था। विपक्ष और…

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जब साँस लेना भी लग्ज़री बन जाए

दस साल पहले की बात है। हर सुबह सूरज निकलने से पहले मैं अपने जूते बाँधती थी और खुद को कार्टर रोड की तरफ जाते हुए पाती थी। समुद्र की ठंडी हवा मेरे चेहरे से टकराती थी, जैसे कोई चुपचाप हौसला दे रहा हो। वही हवा थी, जिसने मुझे इस शहर से और दौड़ने से…

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भारत में ChatGPT का बढ़ता असर: 10 करोड़ वीकली यूजर्स के साथ बना दूसरा सबसे बड़ा बाजार

ओपनएआई के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सैम ऑल्टमैन ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट से पहले बड़ा खुलासा किया। उन्होंने बताया कि भारत में हर हफ्ते करीब 10 करोड़ लोग चैटजीपीटी का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसके साथ ही भारत, अमेरिका के बाद चैटजीपीटी का दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा बाज़ार बन गया है। भारतीय छात्र सबसे…

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बरलाई सहकारी शक्कर कारखाने की जमीन निजी हाथों में देने से किसान नाराज़ दी आंदोलन की चेतावनी

मध्यप्रदेश के सांवेर तहसील की बरलाई शुगर मिल वर्ष 1974-75 में आसपास के गांवों के किसानों ने अपनी मेहनत की कमाई से 1000 रुपये देकर शेयर लिया था और इस सहकारी शक्कर कारखाने की स्थापना में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। उस दौर में किसानों को भरोसा दिलाया गया था कि यह मिल उनके भविष्य को…

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डिजिटल दुनिया में उलझे गांव, असल रिश्ते हो रहे कमजोर

आज गांवों की गलियों में जो बदलाव सबसे तेज़ी से दिख रहा है, उसकी वजह मोबाइल फोन है। कभी गांवों की पहचान आपसी मेल-जोल, भरोसे और रिश्तों की मज़बूती से होती थी, आज वही रिश्ते शक, तुलना और दिखावे की भेंट चढ़ते जा रहे हैं। मोबाइल की यह “विजय” गांवों के युवाओं से लेकर शादीशुदा…

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वायरल से गुमनामी तक: ‘दिल ना दिया’ गाकर मशहूर हुआ पिंटू, अब इलाज की आस में

सोशल मीडिया पर रातों-रात चमकने वाले चेहरों की दुनिया उतनी ही बेरहम भी है। जो नाम कल तक हर स्क्रीन पर छाया रहता है, वही आज भीड़ के शोर में खो जाता है। ऐसा ही एक नाम है पिंटू—वह लड़का, जिसने “कृष का गाना सुनेगा… दिल ना दिया, दिल ना दिया ले बेटा” गाकर इंटरनेट…

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राहुल पटेल: मेहनत, स्वाभिमान और सवाल पूछने की हिम्मत

मध्य प्रदेश के इंदौर से लगे गांव डकाच्या के राहुल पटेल कोई बड़ा नेता नहीं है, न ही किसी बड़े मंच का चेहरा। वह एक आम युवक है, जिसने एमबीए की पढ़ाई की, लेकिन नौकरी के पीछे भागने की बजाय ईमानदारी से मेहनत का रास्ता चुना। आज वह पोहे की एक छोटी-सी दुकान लगाकर अपने…

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